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600 से ज्यादा स्टार्टअप्स की मौजूदगी रहेगी। इस समिट की घोषणा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस AI एक्शन समिट के दौरान की थी। भारत ने खुद को AI विस्तार के एक प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करना शुरू कर दिया है। Alphabet की Google, Microsoft और Amazon ने मिलकर 2030 तक भारत में AI और क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर पर लगभग 68 अरब डॉलर निवेश करने का वादा किया है।
शिखर सम्मेलन को संबोधित करने वाले प्रमुख वक्ताओं में Alphabet के CEO सुंदर पिचाई, OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन, Anthropic के CEO डारियो अमोदेई, रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी और Google DeepMind के CEO डेमिस हसाबिस शामिल हैं। इंडिया–AI इम्पैक्ट समिट 2026 को भारत की AI कूटनीति और वैश्विक तकनीकी नेतृत्व की दिशा में एक बड़े कदम के रूप में देखा जा रहा है। यह ‘ग्लोबल साउथ’ में आयोजित होने वाला पहला वैश्विक AI शिखर सम्मेलन होगा।
प्रधानमंत्री इस सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे। इसे वर्ष का प्रमुख वैश्विक AI मंच माना जा रहा है, जिसका उद्देश्य वैश्विक सहयोग के जरिए समावेशी, प्रभावशाली और कार्रवाई-उन्मुख आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस को बढ़ावा देना है।
वैश्विक सहयोग की नई दिशा
यूके AI सेफ्टी समिट, AI सियोल समिट, फ्रांस AI एक्शन समिट और ग्लोबल AI समिट ऑन अफ्रीका जैसे अंतरराष्ट्रीय मंचों की निरंतरता में यह सम्मेलन एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है। इसका लक्ष्य केवल राजनीतिक घोषणाओं तक सीमित न रहकर, ठोस परिणाम और वास्तविक प्रगति सुनिश्चित करना है। यह समिट वैश्विक AI सहयोग के लिए नई प्राथमिकताओं, ठोस पहल और बहुपक्षीय ढांचे को मजबूत करेगा।
मानवता और सतत विकास पर फोकस
समिट का उद्देश्य AI की परिवर्तनकारी शक्ति को मानवता की सेवा, समावेशी विकास, सामाजिक उन्नति और पर्यावरण संरक्षण के लिए उपयोग करना है। साथ ही, यह ग्लोबल साउथ की आवाज को वैश्विक AI गवर्नेंस में मजबूत करने का प्रयास करेगा, ताकि तकनीकी प्रगति कुछ देशों तक सीमित न रह जाए।
तीन ‘सूत्र’ होंगे आधार
इंडिया–AI इम्पैक्ट समिट तीन मूल स्तंभों या ‘सूत्रों’ पर आधारित होगा—
People (लोग), Planet (पृथ्वी) और Progress (प्रगति)।
ये तीनों सूत्र यह तय करेंगे कि बहुपक्षीय सहयोग के जरिए AI का उपयोग सामूहिक लाभ के लिए कैसे किया जाए।
सात ‘चक्र’ में होगी चर्चा
इन तीन सूत्रों के आधार पर चर्चा सात प्रमुख क्षेत्रों (चक्रों) में संगठित की जाएगी-
- मानव पूंजी (Human Capital)
- सामाजिक सशक्तिकरण के लिए समावेशन
- सुरक्षित और भरोसेमंद AI
- लचीलापन, नवाचार और दक्षता
- विज्ञान
- AI संसाधनों का लोकतंत्रीकरण
- आर्थिक विकास और सामाजिक हित के लिए AI
- प्री-समिट कार्यक्रम भी शुरू
समिट से पहले MeitY कई प्रमुख पहलें आयोजित कर रहा है, जिनका मकसद समावेशी विकास और नवाचार के लिए AI के उपयोग को बढ़ावा देना है।
इनमें शामिल हैं:
AI for ALL: विभिन्न क्षेत्रों में प्रभावी AI समाधान खोजने की वैश्विक चुनौती।
AI by HER: महिला नेतृत्व वाले AI समाधानों को बढ़ावा देने की पहल।
YUVAi: 13-21 वर्ष के युवाओं के लिए वैश्विक नवाचार प्रतियोगिता।
आवेदन और पंजीकरण खुले
इन कार्यक्रमों में भाग लेने के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। इच्छुक संगठन और प्रतिभागी आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं। आयोजकों को ऐसे सत्र डिजाइन करने के लिए प्रोत्साहित किया गया है, जो People, Planet और Progress की थीम के अनुरूप हों और वैश्विक AI संवाद को ठोस दिशा दें।
Edited by : Sudhir Sharma
from टेक्नोलॉजी https://ift.tt/SuwFJQq

