
कंपनी ने अवैध तरीके से 70 से अधिक कर्मचारियों को स्मार्टफोन सॉफ्टवेयर रिसर्च, डेवलपमेंट, टेस्टिंग और वेरिफिकेशन आदि के लिए रखा है। यह चीन और ताइवान के बीच संबंधों का उल्लंघन है। OnePlus के सीईओ पर ताइवान की भूमि पर लोगों के बीच संबंधों को नियंत्रित करने वाले अधिनियम के उल्लंघन का आरोप लगा है।
चीन और ताइवान के बीच तनाव चल रहा है। ताइवान लंबे समय से चीनी कंपनियों द्वारा स्थानीय टेक टैलेंट की कथित पोचिंग को लेकर सख्त है। ताइवान ने बीते कुछ सालों में कई चीनी कंपनियों पर शेल कंपनियां यानी फर्जी कंपनियां और विदेशी संस्थाओं के जरिए भर्ती करने के आरोप लग चुके हैं। Edited by: Sudhir Sharma
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